Festival Calendar

वसंत पंचमी 2094

सरस्वती पूजा — विद्या, संगीत और वसंत के आगमन का दिन।

वसंत पंचमी 2094 date
गुरुवार, 21 जनवरी 2094
Tithi: माघ शुक्ल पंचमी
Tithi window: 10:49 AM, बुधवार, 20 जनवरी 2094 → 08:17 AM, गुरुवार, 21 जनवरी 2094
वसंत पंचमी 2094
आरंभ में
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आज का पंचांग

काशी संदर्भ · तुरंत गणना
तिथि
अष्टमी
तक 18:59
नक्षत्र
भरणी
तक 20:18
योग
गण्ड
करण
बालव
सूर्योदय
05:27
सूर्यास्त
18:40
चंद्र राशि
मेष
सूर्य राशि
कर्क

मुहूर्त और समय

काशी/IST · खगोलीय गणना
  • संकल्प (सूर्योदय)06:44
  • सूर्यास्त17:32
  • व्रत अवधि (तिथि)2094-01-20 · 10:49 → 08:17
  • पारण (तिथि समाप्ति)08:17

Festival days follow the classical attribution rules — udaya (sunrise), pradosha (evening), nishita (midnight), madhyahna or aparahna vyapini as each festival prescribes — computed for Kashi/Varanasi (IST). Regional observance can differ by a day in some years.

वसंत पंचमी की पूजा विधि, व्रत नियम और कथा पढ़ें

वसंत पंचमी — अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

वसंत पंचमी कब मनाई जाती है?

माघ शुक्ल पक्ष की पंचमी को, शीत के अंत में जब वसंत आरंभ होता है — शुक्ल पक्ष का पाँचवाँ दिन। इस वर्ष की तिथि ऊपर दी गई है।

वसंत पंचमी से पीला रंग क्यों जुड़ा है?

पीला उस वसंत का प्रतीक है जिसका पर्व स्वागत करता है — खिले सरसों के खेत और ऋतु का परिपक्व होता प्रकाश। लोग देवी के सम्मान में पीले वस्त्र धारण करते, पीले पुष्प अर्पित करते और पीला भोजन बनाते हैं।

वसंत पंचमी विद्यारंभ हेतु शुभ क्यों है?

यह सरस्वती का दिन है और अबूझ मुहूर्त माना जाता है, ऐसा शुभ दिन जिसे और गणना की आवश्यकता नहीं। परंपरा से बच्चों को लेखन की प्रथम शिक्षा (विद्यारंभ) दी जाती है, और नई विद्या तथा कार्य आरंभ किए जाते हैं।

वसंत पंचमी को किस देवी की पूजा होती है?

सरस्वती, विद्या, वाणी, संगीत और कलाओं की देवी। विद्यार्थी और कलाकार अपनी पुस्तकें और वाद्य उनके सम्मुख रखते हैं, और उन्हें ज्ञान तथा उसकी स्पष्ट अभिव्यक्ति के स्रोत रूप में पूजते हैं।

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